ravindra jain
हरिजन सीट पर केवल हरिजन ही लडेगा पिछडा सीट पर केवल पिछडा़ तो सवर्ण सीट पर केवल सवर्ण क्यो नही ये कोई कानून है यह तो सवर्णो का शोषण है मै इसका विरोध करता हू।
sanjay jain
किसी का अपमान करके जो सुख मिलता है
वह थोड़े समय का होता है …लेकिन किसी को
सम्मान देकर जो आनंद मिलता है
वह जीवन भर साथ रहता है !
पायल शर्मा
पंचमुखी हनुमान जी भगवान हनुमान का एक दिव्य और शक्तिशाली स्वरूप माना जाता है। इसमें हनुमान जी के पाँच मुख होते हैं, जो अलग-अलग शक्तियों और देवस्वरूपों का प्रतीक हैं।