Groups » Cultures & Community » भारत

Group Info

  • भारत Cultures & Community
  • भारत कोई भूमि का टुकड़ा नहीं है, यह जीता जागता राष्ट्रपुरुष है। ये वंदन की धरती है, ये अभिनन्दन की धरती है। ये अर्पण की भूमि है, ये तर्पण की भूमि है। इसकी नदी-नदी हमारे लिए गंगा है, इसका कंकर-कंकर हमारे लिए शंकर है।
    • 613 total views
    • 9 total members
    • Last updated July 13, 2020

भारत

What's New